थोड़ी आग होगी, थोड़ी मुलाकात होगी, सूरज को जानेंगे, अपनी ताकत पहचानेंगे
सूरज तेरे दीदार को बेकरार हम हैं, मिलता है रोज मगर दूरियां कहां कम हैं, तेरी रोशनी से हैं रोशन, फिर भी न जानें तुझे ये कैसे सितम हैं। सूरज, अनंत ऊर्जा का स्रोत, हम जो भी कर रहे हैं, उसकी ताकत सूरज से मिलती है। विज्ञान हो या धर्म, सूरज को जीवन का आधार मानते हैं। सूरज की ओर हमारा पहला कदम है। वो पहुंच से दूर होगा, फिर भी करीब होगा। तौलेंगे तेरी ताकत, अपना साहस दिखाएंगे। सूरज अब तेरे करीब भी आएंगे।










Leave a Reply