निवर्तमान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने यह स्पष्ट संकेत दिया कि वह 20 जनवरी को स्वेच्छा से पद छोड़ देंगे, बाइडेन की जीत पर अमेरिकी संसद ने मुहर लगा दी है। इसलिए बाइडेन अब 20 जनवरी को शपथ लेंगे।

यूएस कैपिटल के अंदर सांसद जुटे थे और बाहर ट्रम्प समर्थकों की भीड़ बढ़ रही थी। वॉशिंगटन के वक्त के मुताबिक, बुधवार दोपहर 1 बजे के बाद यूएस कैपिटल के बाहर लगे बैरिकैड्स को ट्रम्प समर्थकों ने तोड़ दिया। नेशनल गार्ड्स और पुलिस इन्हें समझा पाती, इसके पहले ही कुछ लोग अंदर घुस गए। दोपहर डेढ़ बजे कैपिटल के बाहरी हिस्से में बड़े पैमाने पर हिंसा होने लगी। इस दौरान गोली भी चली।

अमेरिकी संसद के बाहर पुलिस की गोली लगने से एक महिला की मौत हुई। यह महिला अमेरिकी एयरफोर्स के रिटायर्ड सीनियर अफसर की पत्नी थी। एक और महिला और दो पुरुष गंभीर रूप से घायल थे। इन्होंने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।

अमेरिकी संसद ‘कैपिटोल’ परिसर के बाहर निवर्तमान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के समर्थकों की हिंसा और हंगामे पर पीएम नरेंद्र मोदी ने चिंता जताई है। मोदी ने बिना नाम लिए ट्रंप को सलाह दी कि सत्ता का हस्तातंरण शांतिपूर्ण तरीके से कर दिया जाना चाहिए।

भारतीय प्रधानमंत्री मोदी ने आज सुबह ट्वीट किया, ‘वॉशिंगटन डीसी में हिंसा की खबर देखकर चिंतित हूं। सत्ता का हस्तांतरण शांतिपूर्ण तरीके से किया जाना जारी रहना चाहिए। एक लोकतांत्रिक प्रक्रिया में इस तरह के गैरकानूनी तरीके स्वीकार नहीं किए जा सकते हैं।’